उड़न तश्तरी ....

--ख्यालों की बेलगाम उड़ान...कभी लेख, कभी विचार, कभी वार्तालाप और कभी कविता के माध्यम से......

हाथ में लेकर कलम मैं हालेदिल कहता गया
काव्य का निर्झर उमड़ता आप ही बहता गया.

सोमवार, अगस्त 28, 2006

हमऊ छुट्टी मनायें...

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कुछ समय से लोगों की "छुट्टी का दिन कैसे बीता" पर काफ़ी बेहतरीन गाथाऎं पढ़ रहा था. आज जब नींद खुली तो सोचा, हमऊ हफ़्ते भर का लटका काम...
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शुक्रवार, अगस्त 25, 2006

मेरे दादा जी: डा. शिव रत्न लाल

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मेरे दादा जी, जिन्हे हम बाबा पुकारते थे, डा. शिव रत्न लाल , जो कि न सिर्फ गोरखपुर शहर के मशहूर एवं सफल होम्योपेथी के डाक्टर एवं समर्पित स्वत...
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मंगलवार, अगस्त 22, 2006

हम तो चले परदेश रे भईया....

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आजकल प्रवासी , अमरीका-कनाडा प्रवास और प्रवासीयों की जीवन शैली या उन देशों की जीवन शैली बड़ा गरम विषय बना हुआ है, चिठ्ठा जगत मे. कई लेख, निवे...
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सोमवार, अगस्त 21, 2006

शहनाई के शहंशाह 'उस्ताद बिस्मिल्ला खान' नही रहे....

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शहनाई वादक 'उस्ताद बिस्मिल्ला खान' किसी भी परिचय के मोहताज नही हैं. उन्होने आज सोमवार को ९१ वर्ष की(२१ मार्च, १९१६ से २१ अगस्त, २००...
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शुक्रवार, अगस्त 18, 2006

मै चुप नही रहूँगा.......

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चंद शेर आपकी नजर कर रहा हूँ और फिर एक शेर को कुछ आगे ले कर चलता हूँ: १. मौसमी कोई फूल गेसू मे लगाया किजिये चमन के उसूलों को, कुछ तो निभाया क...
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मंगलवार, अगस्त 15, 2006

एक अजब सा एहसास....

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एक अजब सा एहसास. पहले इतनी दूर थे कि फोन पर बात करने मे भी तीन दिन मे काल लग पाता था और जब लग भी जाये तो चीख चीख कर बात हो, वो भी हाल चाल जा...
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शुक्रवार, अगस्त 11, 2006

कहाँ रहती हो तुम, जाना.....?

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आज सबेरे जब टहल कर लौटा तो वो नदारत थी. बड़ी कोफ़्त होती है, जब मन किया आ गयी,जब मन किया-गायब.अभी कुछ साल पहले की ही बात है, हरदम घर मे रहती थ...
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बुधवार, अगस्त 09, 2006

फुरसतिया जी से मिल कर गल्ती हो गई...

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भारत-दुबई यात्रा हमेशा की तरह मंगलमयी, शुभकारी एवं सुखदायी रही.धन्य हो इस ब्लाग का, धन्य हो ब्लागिंग और धन्य हो ब्लागर्स...कालेज के जमाने के...
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सोमवार, मई 29, 2006

कदम निशां: हवाई जहाज से

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दो तीन दिन पहले भाई फ़ुरसतिया जी एक पोस्ट हवाई अड्डे से दागे थे, पढ कर मन इतना आन्नदित हो गया और एक नये उत्साह के साथ हमने भी ठाना कि हम भी ...
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गुरुवार, मई 25, 2006

गुलमोहर के दो चित्र

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गुलमोहर पर प्रत्यक्षा जी की पोस्ट देखी( इस समय यही शीर्षक अनुभूति के याहू ग्रुप पर चल रहा है). मन मे आया, कुछ मै भी बोलूँ. अब तकनिकी जानकार...
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बुधवार, मई 24, 2006

मौत से दिल्लगी

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मौत से आज दिल्लगी हो गई जिन्दगी फ़िर अज़नबी हो गई. दोस्तों से करता रहा शिकवा दुश्मनों से यूँ दोस्ती हो गई. गैर का हाथ थाम कर निकला वफ़ा की क्यू...
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रविवार, मई 21, 2006

टोने टोटके: नया ब्लाग: बाप रे बाप

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आज़ एक नया ब्लाग देखा: टोने टोटके . कोई भी टोटके काम के नही दिखे.मै चक्कर मे था कि टोने ऎसे मिलें जिससे मालूम चले कि कैसे कुछ भी लिखो उसे अच्...
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ख्वाबों से भरी आँख

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हर शाम जिन्दगी को फ़कत काटता रहा जामों के बाद जाम हर इक नापता रहा. ऎसा कहाँ कि तुमसे मुझे आशिकी नही इक बेवफ़ा से वहमे वफ़ा पालता रहा. कब दोस्तो...
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शनिवार, मई 20, 2006

अनुगूँज १९ : संस्कृतियाँ दो और आदमी एक

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फ़िर एक बार अनुगूँज मे हिस्से लेने की कोशिश कर रहा हूँ, वही अपने तरीके से. मेरी समझ से संस्कृतियों की अच्छाई बुराई के प्रति लोगों का नजरिया व...
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रविवार, मई 14, 2006

आरक्षण की आग

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तिनका तिनका जोड जोड़ कर, नीड़ बनाना जारी है मक्कारों की आँख लगी है, तूफ़ानों की बारी है. दुनिया भर मे साख जमा कर, ज्ञान पताका लहराई सत्ता की ...
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गुरुवार, मई 11, 2006

'लेकिन' का बम या.....

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इधर काफ़ी दिनों से, जबसे, लिखने का शौक जाग उठा है, अपनी रचनाओं पर काफ़ी समीक्षायें होती देख रहा हूँ: आपकी कविता बहुत अच्छी लगी लेकिन वर्तनी क...
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रविवार, मई 07, 2006

यह वही वाली पोस्ट है.......

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अब पिछली पोस्ट जो आने वाली थी, पर टिप्प्णियाँ आ गई हैं, तो इसे अलग से पोस्ट कर देता हूँ :) क्या बात है ये जुदा जुदा ------------------------...
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गुरुवार, मई 04, 2006

अपना ब्लाग बेचो, भाई.........

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आज एक ब्लाग पर पोस्ट देखी, ब्लाग का नाम है छाया , जानकारी लगी है कि किसी भारतीय यायावर का है, क्या बात है, भारतीय और यायावर, इसमे अज़ूबा क्या...
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तुम ना आये

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अनुभूति ग्रुप मे इस सप्ताह का शीर्षक "तुम ना आये" बडा भारी सा है, इसे ह्ल्का करने के नज़रिये से कुछ पंक्तियां पेश हैं: तुम ना आये -...
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गुरुवार, अप्रैल 27, 2006

क्या बात है जुदा जुदा: एक नज़रिया

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यह पोस्ट कुछ देर मे वापस आ रही है...कृप्या इन्तजार करें. --समीर लाल 'समीर'
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